सपने में रिश्तों में चुदाई का घमासान

देसी सेक्स X कहानी मेरे सपने में घटी बेहद कामुक घटना है. मैंने अपने दोस्त की शादी में गया, वहां दोस्त की भाभी, चाची, मम्मी, बहनों ने मेरे साथ क्या किया?

यह सेक्स कहानी मेरे स्वप्न पर आधारित है.
इसमें मेरे दोस्त की शादी के दौरान हुई चुदाई को देसी सेक्स X कहानी के रूप में लिखा है.

मेरा दोस्त जोधपुर के नजदीक एक गांव में रहता था.
एक दिन उसका मेरे पास कॉल आया; उसने मुझे अपनी शादी में बुलाया.

मैंने उससे पूछा- क्या बाकी के दोस्तों को नहीं बुलाया?
उसने कहा- नहीं, तू मेरा खास दोस्त है और तू तो जानता है कि मेरी फैमिली थोड़ी अलग किस्म की है. चूंकि तू मेरा अच्छा दोस्त है, इसलिए मैंने सिर्फ़ तुझे ही बुलाया है. तू मुझे समझता भी है. बस अब तू आने की तैयारी कर ले.

मैं उसकी शादी वाले दिन से एक दिन पहले जोधपुर के लिए निकल गया, उधर से बस पकड़ कर उसके गांव आ गया.

मैं जब पहुंचा, तो वहां हल्दी की रस्म शुरू होने वाली थी.

मेरे दोस्त ने मुझे देखा और नजदीक बुलाकर कहा- भाई, तू जल्दी से कपड़े बदल ले और पैंट पहने वक्त अपनी अंडरवियर निकाल देना. तुझे बहुत मज़ा आने वाला है.
मैंने कहा- अंडरवियर क्यों निकालना है?
उसने कहा- बस तू कर तो और देखता जा!

मैं कुछ नहीं बोला और जैसा उसने कहा, वैसा कर लिया.
फिर जब हल्दी की रस्म का टाइम हो गया, तो मेरा दोस्त सिर्फ़ लुंगी में आया और उसने मेरे कान में कहा- मैंने नीचे कुछ नहीं पहना है.

मैं चौंक गया कि ये ऐसा कैसे कर सकता है. यहां इसके सब परिवार के लोग हैं.
कुछ देर में औरतों ने आदमियों को वहां से जाने को कहा.

सब जाने लगे.
मेरे दोस्त की मामी ने मुझसे कहा- आप भी जाओ.
तभी मेरे दोस्त ने कहा- इसको यहीं रहने दो.

अब वहां सिर्फ़ महिलाएं ही रह गयी थीं.
सब औरतों ने अपने हाथ में हल्दी लगा ली.

सबसे पहले मामी ने हल्दी लगानी शुरू की.
वो मेरे दोस्त के शरीर में धीरे धीरे हल्दी लगा रही थीं, उसके हर जगह हल्दी लगती जा रही थी.

फिर उसकी बहन ने कहा- मामी ज़रा नीचे भी लगाओ न!
ये सुनकर सब हंसने लगे.

फिर मामी लुंगी के ऊपर से ही हल्दी लगाने लगीं.
दोस्त की मां ने कहा- कितनी देर लगेगी इसका खड़ा होने में?

चाची बोलीं- इसका तो छोटा लग रहा है.
बुआ- इंतज़ार करो यार!

मौसी- लुंगी के अन्दर हाथ डाल फिर हिला!
मामी ने दोस्त की लुंगी के अन्दर हाथ डाल दिया और उसके लंड पर हल्दी लगाते हुए लंड मसल दिया.

चाची ने कहा- चलो अब मेरी बारी!
वो हंसती हुई आईं और सीधे लंड को पकड़ कर बोलीं- उई दैया … कितना बड़ा है ये तो!

उनकी किलकारी सुनकर वहां खड़ी सब महिलाओं में खुशी की लहर दौड़ गई.
अब सब बारी बारी से आगे आकर दोस्त के लंड को हल्दी लगाने लगीं.

चाची बुआ मौसी के अलावा उसकी दोनों बहनें भी पीछे न रहीं. मामी और मां की बारी आ गई.
उसकी मां बोलीं- मुझे भी तो देखने दो, कैसा है इसका लंड, ज़रा मुझे तो मालूम हो. सब इतनी तारीफ कर रहे हैं, मैं भी तो देखूं कि ऐसा कितना लम्बा लंड है मेरे लाल का!

उसकी मां ने लुंगी के अन्दर हाथ डाला और लंड टटोल कर बोलीं- अरे बाप रे, ये तो बहुत बड़ा लंड है.
मेरे दोस्त की एक बहन ने कहा- इतने बड़े लंड के छूने से ही आपकी तो चूत ही फट गई.

सब हंसने लगे.

मां- क्यों, तुझे बड़ा मालूम है कि कितने बड़े से चूत फटती है?
भाभी- हां मम्मी जी, ये बहुत बदमाश हो गयी है. इसे लंड के बारे में शायद सब मालूम हो गया है.

बुआ- भाई का लंड देख कर इसकी चूत में खुजली हो रही है शायद!
मौसी- हां, इसका भी लंड लेने का मन है शायद!

चाची- मन तो मेरा भी हो रहा है.
इतनी बिंदास बातें सुनकर सब हंसने लगे.

भाभी- मैंने हाथ लगाया है, मुझे भी देखना है प्लीज़!
मां- अभी नहीं, बाद में … अभी सब बाहर इंतज़ार कर रहे होंगे.

फिर उसकी मां ने मुझे देखा और भाभी से बोलीं- इसका भी देख ले.
फिर उन्होंने मुझसे कहा- क्यों बेटा दिखाएगा नहीं अपना लंड?

चाची- दिखा दे … दिखा दे.
बहन- हां भैया दिखा दो ना!

मौसी- हां हां पहले इसकी बहन को ही सब देखना है.
सब फिर से हंसने लगे.

मैं शर्म के मारे कुछ नहीं बोल पाया.
ये सब देख कर मैं हैरान रह गया था कि आख़िर ये कैसा परिवार है. सब मेरे दोस्त का लंड देखना चाहते हैं, जो कि सारे के सारे इसकी फैमिली के सदस्य हैं. खुद इसकी मां, बहन और सभी इसका लंड देखना चाहते हैं.

मेरे दोस्त को उसकी मां ने खड़ा किया और नहाने जाने को कहा.
भाभी ने उसकी लुंगी खींच कर निकाल दी.
लुंगी हटते ही मेरा दोस्त पूरा नंगा हो गया.

उसका लंड 8 इंच लंबा बिल्कुल सीधा खड़ा हुआ था. उसके खड़े लंड को देखते ही सब औरते हंसने लगीं.

मेरे दोस्त ने झट से लुंगी उठाई और लपेटने लगा.
अभी वो पहन ही नहीं पाया था कि से उसकी बहन ने उसको फिर से नंगा कर दिया.

मौसी ने उसकी लुंगी लेकर दूर फेंक दी और वो शर्म के मारे नंगा भागता हुआ बाथरूम में घुस गया.
सब उस पर हंस रहे थे.

मुझे भी हंसी आ गई और सब अपने अपने काम के लिए जाने लगे.
मेरे दोस्त की दोनों बहनें मेरे पास से जाती हुई मेरे लंड को मसल कर चली गईं.

मैं एकदम से अचकचा गया.
फिर मैंने देखा कि मेरा लंड मेरे पैंट से उभर कर साफ दिखाई दे रहा था.

चूंकि मैंने दोस्त के कहने पर अपनी अंडरवियर उतार दी थी.
सब औरतें मेरे खड़े लंड को देखती हुई जा रही थीं.
मुझे बहुत शर्म आई और मैं थोड़ी देर के लिए बाहर चला गया.

मैं बाहर जाकर सिगरेट पीने लगा. मैं हल्दी की रस्म की याद करने लगा. मुझे ठरक चढ़ने लगी और मेरा मुठ मारने का मन हो गया.
आज जो मैंने देखा था, वो देख कर आप होते तो शायद आप भी यही करते.

मुझे तो पहले से मुठ मारने की लत लगी हुई है. मैं दिन में एक दो बार तो मुठ मारता ही हूँ.
फिलहाल मुझसे रहा नहीं जा रहा था.

तभी मेरे दोस्त का फोन आया- कहां है, जल्दी आ!
मैं सिगरेट खत्म करके अपने दोस्त के कमरे में चला गया.

वहां मैंने देखा कि मेरी बहन भी वहीं आई हुई थी.
मैंने उससे पूछा- तू यहां क्या कर रही है?

मेरे दोस्त ने कहा- इसे मैंने बुलाया है. इसको भी शादी का कार्ड भेजा था.
मुझे याद आया कि मेरी बहन पहले मेरे इसी दोस्त की गर्लफ्रेंड रह चुकी है.

मेरे दोस्त ने कहा- मैं कपड़े पहन लूँ.
वो सिर्फ़ लुंगी में था.

उसने लुंगी गिरा दी और पूरा नंगा खड़ा हो गया.
मेरी बहन ने उसका लंड देख कर कहा- हाय … कितना बड़ा लंड है?
ये सुनते ही मुझे गुस्सा आ गया.

मगर उतनी ही देर मैं मेरी बहन ने उसका लंड अपने हाथ में ले लिया और सहलाने लगी.
मेरे दोस्त ने कहा- अरे मेरे लंड को छोड़ … अपने भाई का पकड़ ना. मुझे रेडी होना है.

मेरी बहन ने कहा- भैया प्लीज़.
मैं सोच में पड़ गया कि आज क्या हो रहा है.

तभी मेरे दोस्त की मां वहां आ गईं और अपने बेटे को नंगा देख कर कहने लगीं- मुझे तो इसका लंड लेने का मन कर रहा है.

मेरी बहन ने मेरी पैंट खोलना शुरू कर दी.
मैंने उसका हाथ गुस्से में हटा दिया.

तब तक दोस्त की मां ने अपने बेटे का लंड पकड़ लिया.
मेरे दोस्त ने उनसे मेरे लिए कहा- आप दोनों इसके साथ खेलो, मुझे रेडी होना है. मैंने इसको इसी लिए ही तो बुलाया है.

तभी बाहर से मेरे दोस्त की बहनें और भाभी मौसी बुआ चाची मामी भी आ गईं.
दोनों बहनों ने अपने कपड़े उतारने शुरू कर दिए और वो पूरी नंगी हो गईं.

उन्होंने नंगी होकर मेकअप करना शुरू कर दिया.
मुझे समझ नहीं आ रहा था कि ये कौन सा मेकअप है, जो नंगी होकर किया जाता है.

मैंने अपनी बहन से कहा- ये क्या हो रहा है?
मेरी बहन ने कहा- ये भी यहीं रेडी हो रही हैं.

मेरे दोस्त की मां ने झट से मेरी पैंट उतार दी. उधर चाची बुआ मौसी और भाभी भी अपने अपने कपड़े उतारने लगीं.

मैंने कहा- मैं आंटी से थोड़ा मजा ले लूँ, तब तक तुम सब तैयार हो जाओ.
उसकी मां ने मेरा लंड हिलाना शुरू कर दिया. मेरा लंड भी एकदम लोहे सा खड़ा हो चुका था.

मेरा लंड 9 इंच का है. ये देखते ही सब मेरे लंड की तरफ देखने लगे.

दोनों बहनें अपनी चूत में उंगली करने लगीं.
मौसी बुआ चाची भाभी हंसने लगीं और मां बोलीं- ये अभी मेरा है. इस पर नज़र मत डालो.

उन्होंने मुझे सोफा पर बिठा दिया और बोलीं- बेटी जरा कंडोम तो ला.
उसने झट से कंडोम लाकर मेरी बहन के हाथ में पकड़ा दिया.

मेरी बहन मुझसे पूछने लगी- क्या मैं तुम्हें ये पहना सकती हूँ?
मैं अब तक पागल हो चुका था और भूल गया था कि ये मेरी बहन है.

मैंने हां कह दिया.
मेरी बहन ने मुझे प्यार से कंडोम पहना दिया.

मेरे दोस्त की मां अपनी साड़ी ऊपर करके मेरे लंड पर बैठ गईं और चूत में लंड घुसवा कर मज़े लेने लगीं.
दोस्त की मां की चूत की गर्मी से मैं जोश में आ गया.

मैंने 15 मिनट तक लगातार उसकी मां को चोदा.
वो थक गयी थीं तो हांफ़ने लगीं और बोलीं- बेटियो, आ जाओ, अब तुम्हारी बारी आ गई है.

भाभी- मैं कबसे इंतज़ार कर रही हूँ नंगी बैठी हूँ, कपड़े भी नहीं पहने मैंने. मुझे लंड की सवारी करने दो न मम्मी जी?
बुआ- भाभी हम भी तो कब से नंगी बैठी हुई हैं.

चाची- मुझसे तो इतना मोटा लंड देख कर रहा ही नहीं जा रहा. मैं चुदवाऊंगी पहले!
दोनों बहनें एक साथ कहने लगीं- नहीं हम लेंगी लंड का मजा.

तभी मैं खड़ा हुआ और पास में खड़ी भाभी के चूचे दबा दिए.
वो हंस पड़ीं.

मैंने अपनी बहन को अपनी ओर खींचा और अपनी गोद में बिठा लिया.
मैं उसको चूमने लगा.

मैंने उसके एक बूब को बाहर निकाल लिया और उसे मजा देने लगा.

कुछ ही देर में मैंने उसकी जीन्स को उतार दिया और उसके टॉप को भी निकाल दिया.

वो पूरी नंगी हो चुकी थी. मैंने पहली बार अपनी बहन को नंगी देखा था.

मैंने देर न करते हुए उसे पोजीशन में लिया और उसकी चूत में अपना 9 इंच मोटा लंड एक ही बार में पेल दिया.
लंड लेते ही उसने ज़ोर से चीख निकाली और मुझे रोकने लगी.

सब हम दोनों की चुदाई देख कर मज़े ले रहे थे.
भाभी मुझे किस करने लगीं.

बुआ चाची मौसी एक दूसरे की चूत में उंगली करने लगीं और दोनों बहनें 69 में होकर एक दूसरी की चूत चाटने लगीं.
उधर मां ने अपने बेटे का लंड हिलाना शुरू कर दिया. इधर मैं अपनी बहन को चोद चोद कर मज़े ले रहा था.

फिर मैंने अपनी बहन को चोदने के बाद भाभी को चोदा.
ज्यादा टाइम नहीं होने के कारण हम सभी को चुदाई का खेल खत्म करके जाना पड़ा.

दोस्तो, आप मेरी इस देसी सेक्स X कहानी पर अपने कमेंट्स करें.
[email protected]

Check Also

मेरी बीवी अपने भाई से चुदने लगी थी

मेरी बेवफा बीवी ने मेरे ही घर में अपने ही भाई से सेक्स का मजा …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *